दिल्ली से ‘रुद्र सेना’ के राष्ट्रीय अभियान का शुभारंभ
युवाओं को धर्म, राष्ट्र और सेवा से जोड़ने पर रहेगा विशेष फोकस

नई दिल्ली | सनातन संस्कृति, मठ-मंदिरों की सुरक्षा और हिंदू समाज के संगठन को समर्पित राष्ट्रव्यापी अभियान ‘रुद्र(Rudra) सेना’ का आधिकारिक शुभारंभ सोमवार को नई दिल्ली में किया गया। इस दौरान अखिल भारतीय हिन्दू परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष राज कुमार नाथ और एमएसएमई के नेशनल वाइस चेयरमैन योगी अशोक नाथ ने संयुक्त रूप से रुद्र सेना के आधिकारिक पोस्टर का विमोचन किया।
सनातन समाज को संगठित व जागरूक होने के लिए युवाओं को आवश्यकता
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में सनातन समाज को संगठित, जागरूक और सेवा के लिए समर्पित युवाओं की आवश्यकता है। रुद्र(Rudra) सेना का उद्देश्य देशभर में संगठन विस्तार, धर्मरक्षा, गौसंरक्षण, मठ-मंदिरों की सुरक्षा और सामाजिक समरसता के कार्यों को गति देना है।
रुद्र(Rudra) सेना के प्रदेश अध्यक्ष आलोक पांडेय ने बताया कि संगठन विस्तार के लिए उत्तर भारत के विभिन्न राज्यों में मठ-मंदिरों, संत-महात्माओं और अखाड़ा परिषद से जुड़े महंतों से लगातार संपर्क किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जल्द ही विभिन्न राज्यों में संगठन की प्रदेश, जिला और स्थानीय इकाइयों का गठन शुरू किया जाएगा।
हिन्दू को अपने धर्म और मंदिर के लिए होना चाहिए संगठित: राज कुमार नाथ
अखिल भारतीय हिन्दू परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष राज कुमार नाथ ने कहा कि रुद्र सेना केवल एक संगठन नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति की रक्षा और समाज को संगठित करने का राष्ट्रीय अभियान है। उन्होंने कहा कि हर हिंदू को अपने धर्म, संस्कृति और मंदिरों के संरक्षण के लिए संगठित होकर आगे आना चाहिए।
एमएसएमई के नेशनल वाइस चेयरमैन योगी अशोक नाथ ने कहा कि भारत की आध्यात्मिक शक्ति उसके संत, मठ और मंदिर हैं। रुद्र सेना युवाओं को राष्ट्र, धर्म और सेवा से जोड़ने का सशक्त माध्यम बनेगी।
प्रदेश अध्यक्ष आलोक पांडेय ने कहा कि संगठन का उद्देश्य किसी के विरोध में नहीं, बल्कि सनातन समाज को एक सूत्र में जोड़कर सेवा, सुरक्षा और संस्कार की भावना को मजबूत करना है। आने वाले समय में देशभर में व्यापक सदस्यता अभियान भी चलाया जाएगा।

