मोदी-ट्रम्प की मुलाकात: भारतीय नाविकों की सुरक्षा पर PM ने उठाई आवाज, ट्रम्प बोले- व्हाइट हाउस में भारत का दोस्त मौजूद रहेगा

नई दिल्ली/एवियन। फ्रांस के एवियन में आयोजित 52वें G7 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के बीच बुधवार को द्विपक्षीय बैठक(Modi-Trump Meeting) हुई। करीब 18 मिनट चली इस बातचीत में दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका संबंधों, वैश्विक सुरक्षा और पश्चिम एशिया की स्थिति समेत कई अहम मुद्दों पर चर्चा की।
बैठक के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने होर्मुज स्ट्रेट में भारतीय नाविकों की सुरक्षा का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि समुद्री मार्गों की सुरक्षा बेहद जरूरी है और उम्मीद है कि ईरान के साथ किसी भी समझौते में भारतीय नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी। पीएम मोदी ने यह भी कहा कि होर्मुज मार्ग का खुला रहना वैश्विक व्यापार के लिए महत्वपूर्ण है।
मोदी ने पश्चिम एशिया में शांति प्रयासों के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प के नेतृत्व की सराहना की। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय संकट का असर ईंधन, खाद और खाद्य आपूर्ति पर पड़ रहा है, जिसका प्रभाव विकासशील देशों पर लंबे समय तक रह सकता है।
वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने प्रधानमंत्री मोदी (Modi-Trump Meeting) की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि जब तक वह राष्ट्रपति हैं, व्हाइट हाउस में भारत का एक अच्छा दोस्त मौजूद रहेगा। ट्रम्प ने कहा कि अगर भारत या मोदी पर कोई हमला होता है और मोदी देश के नेता होते हैं, तो अमेरिका उनकी मदद करेगा।
ट्रम्प ने मोदी को शांत, मजबूत और शानदार नेता बताया। उन्होंने कहा कि भारत आने वाले समय में हर क्षेत्र में बड़ी भूमिका निभाएगा। ट्रम्प ने भारत-अमेरिका व्यापार संबंधों का जिक्र करते हुए कहा कि दोनों देशों के बीच कई महत्वपूर्ण काम चल रहे हैं।
G7 सम्मेलन में मोदी ने वैश्विक नेताओं (Modi-Trump Meeting) के साथ कई द्विपक्षीय बैठकें भी कीं। उन्होंने यूरोपीय संघ, ब्रिटेन, जापान, दक्षिण कोरिया, यूएई और अन्य देशों के नेताओं से मुलाकात कर व्यापार, निवेश और रणनीतिक साझेदारी पर चर्चा की।
भारत G7 का सदस्य नहीं है, लेकिन वैश्विक अर्थव्यवस्था में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका के कारण प्रधानमंत्री मोदी को विशेष आमंत्रित अतिथि के रूप में सम्मेलन में बुलाया गया। यह मोदी की सातवीं G7 भागीदारी रही।

