Bilaspur News: ट्रेन से 50 किलो प्रतिबंधित करील जब्त, आरोपी फरार, वन विभाग ने नदी में बहाकर किया नष्ट

बिलासपुर: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में ट्रेन के जरिए प्रतिबंधित वन उपज के परिवहन का मामला सामने आया है। चिरमिरी-बिलासपुर एक्सप्रेस से करीब 50 किलो करील बरामद किया गया है। उसलापुर रेलवे स्टेशन पर सूचना मिलने के बाद रेलवे सुरक्षा बल (RPF) की टीम ने ट्रेन की तलाशी ली और दो बोरियों में भरा करील जब्त किया। हालांकि, बोरियों को ट्रेन में रखने वाला व्यक्ति कार्रवाई से पहले ही फरार हो गया। बाद में वन विभाग ने जब्त करील को नदी में बहाकर नष्ट कर दिया।
रात 3 बजे उसलापुर स्टेशन पर RPF की कार्रवाई
जानकारी के अनुसार, मामला मंगलवार देर रात करीब 3 बजे का है। चिरमिरी-बिलासपुर एक्सप्रेस उसलापुर रेलवे स्टेशन पहुंची थी। इसी दौरान RPF को सूचना मिली कि ट्रेन में प्रतिबंधित करील से भरी बोरियां रखी हुई हैं।
सूचना मिलते ही उसलापुर RPF पोस्ट की टीम सक्रिय हुई और ट्रेन में तलाशी अभियान शुरू किया। जांच के दौरान टीम को दो अलग-अलग बोरियां दिखाई दीं। जब बोरियों को खोलकर देखा गया तो उनमें बड़ी मात्रा में करील भरा हुआ था।
इसके बाद RPF ने दोनों बोरियों को ट्रेन से उतारकर अपने कब्जे में ले लिया। जब्त वन उपज का कुल वजन करीब 50 किलो बताया जा रहा है।
बोरियों से आ रही दुर्गंध से मिली जानकारी
बताया जा रहा है कि ट्रेन में रखी बोरियों से तेज दुर्गंध आ रही थी। इसी के चलते ट्रेन में प्रतिबंधित करील रखे होने की जानकारी RPF तक पहुंची।
सूचना के आधार पर टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए बोरियों की जांच की। रेलवे स्टेशन पर ट्रेन का ठहराव सीमित समय के लिए होने के कारण संदिग्ध व्यक्ति की पहचान और पूछताछ के लिए ज्यादा समय नहीं मिल पाया।
RPF की कार्रवाई के दौरान बोरियों का मालिक मौके पर मौजूद नहीं था। ऐसे में यह स्पष्ट नहीं हो सका कि करील किसने ट्रेन में रखा था और उसे कहां पहुंचाया जाना था।
यात्रियों से पूछताछ, लेकिन नहीं मिला सुराग
करील बरामद होने के बाद RPF ने आसपास मौजूद यात्रियों से पूछताछ की। टीम ने यह जानने का प्रयास किया कि दोनों बोरियां किसकी हैं और उन्हें ट्रेन में किसने रखा था।
हालांकि, किसी भी यात्री ने बोरियों के मालिक के संबंध में कोई जानकारी नहीं दी। पूछताछ के बावजूद संदिग्ध व्यक्ति का पता नहीं चल सका।
आशंका जताई जा रही है कि कार्रवाई की भनक लगने के बाद आरोपी स्टेशन से फरार हो गया। फिलहाल उसकी पहचान और ठिकाने को लेकर कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है।
वन विभाग को सौंपा गया 50 किलो करील
RPF ने जब्त करील को आगे की कार्रवाई के लिए वन विभाग के सुपुर्द कर दिया। बुधवार सुबह वन विभाग को मामले की जानकारी दी गई। इसके बाद वन अमला मौके पर पहुंचा और जब्त वन उपज को अपने कब्जे में लिया।
करीब 50 किलो करील की बरामदगी के बाद विभाग ने इसे नष्ट करने की कार्रवाई की। वन विभाग ने जब्त करील को नदी में बहाकर नष्ट कर दिया।
इस कार्रवाई का उद्देश्य प्रतिबंधित वन उपज को दोबारा इस्तेमाल या बिक्री के लिए पहुंचने से रोकना था।
आखिर कहां से लाया गया था करील?
इस घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल यह है कि करीब 50 किलो करील आखिर कहां से लाया गया था और इसे बिलासपुर में किस स्थान पर पहुंचाया जाना था।
ट्रेन के जरिए वन उपज के परिवहन की इस घटना में अब तक किसी आरोपी की पहचान नहीं हो सकी है। बोरियों को ट्रेन में रखने वाले व्यक्ति के फरार होने के कारण पूरे मामले की जानकारी जुटाना चुनौती बना हुआ है।
यह भी पता लगाया जाना बाकी है कि करील को किसी स्थानीय बाजार में बेचने की योजना थी या इसे किसी दूसरे स्थान पर भेजा जाना था।
प्रतिबंधित वन उपज के परिवहन पर उठे सवाल
उसलापुर रेलवे स्टेशन पर हुई इस कार्रवाई ने रेल मार्ग के जरिए वन उपज के परिवहन और निगरानी को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। वन क्षेत्रों से मिलने वाली उपज को दूसरे शहरों तक पहुंचाने के लिए परिवहन के अलग-अलग साधनों का इस्तेमाल किया जा सकता है।
ऐसे में रेलवे सुरक्षा बल और वन विभाग की सतर्कता महत्वपूर्ण हो जाती है। इस मामले में RPF की सूचना पर की गई कार्रवाई से प्रतिबंधित करील की बड़ी खेप जब्त की गई।
फिलहाल जब्त करील को नष्ट किया जा चुका है, लेकिन इसे ट्रेन में रखने वाले व्यक्ति की पहचान और इसके परिवहन से जुड़े अन्य पहलुओं को लेकर स्थिति स्पष्ट होना बाकी है।
बिलासपुर के उसलापुर स्टेशन पर हुई इस कार्रवाई में 50 किलो करील तो जब्त कर नष्ट कर दिया गया, लेकिन इसे ट्रेन के जरिए लाने वाले व्यक्ति की पहचान अब भी एक बड़ा सवाल बनी हुई है।


