NEET विवाद पर सरकार चर्चा को तैयार: PM मोदी बोले- पेपर लीक ‘घोर पाप’; विपक्ष ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग तेज की

दिल्ली। NEET पेपर लीक विवाद और छात्र प्रदर्शन पर पुलिस कार्रवाई को लेकर संसद के मानसून सत्र में लगातार दूसरे दिन भी हंगामा देखने को मिला।
विपक्ष ने सरकार पर छात्रों के साथ अन्याय करने का आरोप लगाते हुए दोनों सदनों में चर्चा और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। इस बीच सरकारी सूत्रों ने कहा कि केंद्र सरकार इस मुद्दे पर संसद में विस्तृत चर्चा के लिए पूरी तरह तैयार है।
सरकारी सूत्रों के अनुसार, जैसे ही NEET पेपर लीक का मामला सामने आया, शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए कई सुधारात्मक कदम उठाए।
सरकार का कहना है कि इस मामले में सीबीआई जांच जारी है और अब तक 13 से अधिक आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
पीएम ने पेपर लीक को बताया घोर पाप
सूत्रों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की टिप्पणी का भी हवाला दिया। प्रधानमंत्री ने पेपर लीक को “घोर पाप” बताते हुए कहा कि युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
उन्होंने कहा कि यह राजनीतिक मुद्दा नहीं, बल्कि राष्ट्रीय हित का विषय है और केंद्र व सभी राज्य सरकारों को मिलकर ऐसी घटनाओं पर रोक लगाने के लिए काम करना चाहिए।
प्रधानमंत्री ने एनडीए सांसदों से युवाओं के बीच जाकर उनका विश्वास जीतने और संवेदनशीलता के साथ संवाद करने की भी अपील की। उन्होंने कहा कि छात्रों के साथ किसी भी प्रकार का अन्याय नहीं होना चाहिए।
राहुल गांधी ने सरकार पर लगाया शोषण करने का आरोप
वहीं, विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सरकार पर छात्रों का शोषण करने का आरोप लगाया। उन्होंने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग दोहराई।
साथ ही संसद में चर्चा, छात्र प्रदर्शनकारियों पर कार्रवाई करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कदम उठाने और प्रधानमंत्री से माफी की मांग की।
NEET विवाद को लेकर सियासी टकराव लगातार तेज होता जा रहा है, जबकि सरकार संसद में इस मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार होने का दावा कर रही है।

