कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: 12 पदक जीतने के बावजूद भारत नौवें स्थान पर, जानिए रैंकिंग क्यों नहीं सुधरी

कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 के छठे दिन भारत ने अपने पदकों की संख्या बढ़ाकर 12 कर ली, लेकिन इसके बावजूद पदक तालिका में उसकी स्थिति में सुधार नहीं हुआ। उलटे भारत एक स्थान फिसलकर नौवें नंबर पर पहुंच गया। इसकी सबसे बड़ी वजह स्वर्ण पदकों की कम संख्या रही।
छठे दिन भारत ने दो रजत पदक अपने नाम किए। इनमें एक पदक वेटलिफ्टिंग और दूसरा एथलेटिक्स में गुलवीर सिंह के शानदार प्रदर्शन के बाद मिला। इसके साथ भारत के कुल पदक 12 हो गए, जिनमें 2 स्वर्ण, 7 रजत और 3 कांस्य पदक शामिल हैं।
हालांकि पदक तालिका में रैंकिंग कुल पदकों के आधार पर नहीं, बल्कि सबसे पहले स्वर्ण पदकों की संख्या के आधार पर तय होती है। यही कारण है कि अधिक कुल पदक होने के बावजूद भारत की स्थिति बेहतर नहीं हो सकी।
छठे दिन के बाद न्यूजीलैंड ने दो स्वर्ण पदक जीतकर कुल 13 पदकों के साथ आठवां स्थान हासिल कर लिया, जबकि भारत नौवें स्थान पर खिसक गया। इसी तरह नाइजीरिया के भी कुल 12 पदक हैं, लेकिन उसके खाते में 6 स्वर्ण पदक होने के कारण वह पांचवें स्थान पर बना हुआ है।
छठे दिन के खेलों के बाद पदक तालिका में ऑस्ट्रेलिया 35 स्वर्ण, 18 रजत और 27 कांस्य सहित कुल 80 पदकों के साथ शीर्ष पर है। कनाडा दूसरे और इंग्लैंड तीसरे स्थान पर है। भारत 2 स्वर्ण, 7 रजत और 3 कांस्य सहित कुल 12 पदकों के साथ नौवें स्थान पर बना हुआ है।
भारत के लिए अब आगामी मुकाबलों में अधिक से अधिक स्वर्ण पदक जीतना बेहद अहम होगा। यदि भारतीय खिलाड़ी स्वर्ण पदकों की संख्या बढ़ाने में सफल रहते हैं तो पदक तालिका में टीम की रैंकिंग में भी सुधार देखने को मिल सकता है।

