रायगढ़ में श्रमिक सुरक्षा नियमों के उल्लंघन पर सख्ती, 6 उद्योगों के खिलाफ केस; 4 कंपनियों पर 8 लाख का जुर्माना

रायगढ़ जिले में औद्योगिक इकाइयों में श्रमिक सुरक्षा और कार्यस्थल पर नियमों के पालन को लेकर औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। मई और जून 2026 के दौरान विभिन्न उद्योगों के निरीक्षण में सुरक्षा मानकों और श्रम कानूनों के उल्लंघन पाए जाने पर छह आपराधिक प्रकरण श्रम न्यायालय में दर्ज किए गए हैं। वहीं पहले से लंबित मामलों में सुनवाई के बाद श्रम न्यायालय ने चार उद्योगों पर कुल 8 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।
विभाग के अनुसार, मई 2026 में मेसर्स अग्रोहा स्टील एंड पावर प्राइवेट लिमिटेड (पाली), जिंदल स्टील लिमिटेड यूनिट-3, रायगढ़ साल्वेंट एक्सट्रेक्शन प्राइवेट लिमिटेड, रायगढ़ इस्पात एंड पावर प्राइवेट लिमिटेड यूनिट-2 और बीपी एक्टिव इंजीकॉन प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ श्रमिक सुरक्षा और कारखाना नियमों के उल्लंघन पर प्रकरण दर्ज कर श्रम न्यायालय में प्रस्तुत किए गए।
इसके बाद जून माह में शिव शक्ति स्टील लिमिटेड, श्री सांई गणेश ट्रेडिंग कंपनी और एमएसपी स्टील एंड पावर लिमिटेड के खिलाफ भी कारखाना अधिनियम-1948 तथा श्रमिक सुविधाओं से जुड़े प्रावधानों के उल्लंघन के मामले न्यायालय में पेश किए गए।
पहले से लंबित मामलों में सुनवाई पूरी होने के बाद श्रम न्यायालय ने एनआर इस्पात एंड पावर प्राइवेट लिमिटेड पर 1 लाख रुपये, जिंदल पावर लिमिटेड पर 3 लाख रुपये, मित्तल स्टोन क्रशर पर 1.50 लाख रुपये तथा अंजनी स्टील लिमिटेड पर दो मामलों में कुल 2.50 लाख रुपये का अर्थदंड लगाया है। इस प्रकार चार उद्योगों पर कुल 8 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया।
औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग के उप संचालक राहुल पटेल ने कहा कि श्रमिकों की सुरक्षा और कल्याण से जुड़े नियमों का पालन प्रत्येक औद्योगिक इकाई के लिए अनिवार्य है। विभाग नियमित रूप से निरीक्षण कर रहा है और जहां भी नियमों का उल्लंघन पाया जाएगा, वहां नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

