नेपाल बाढ़ में मृतकों की संख्या 810 पहुंची: 275 भारतीयों समेत 3,048 लोग अब भी लापता; 149 भारतीयों को सुरक्षित निकाला गया

दिल्ली। नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ (Nepal floods) और भूस्खलन के बाद हालात लगातार गंभीर बने हुए हैं। रविवार तक नेपाल और तिब्बत को मिलाकर आपदा में मरने वालों की संख्या 810 पहुंच गई है। इनमें नेपाल में 794 और तिब्बत में 16 लोगों की मौत हुई है। वहीं दोनों देशों में कुल 3,048 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। लापता लोगों में 275 भारतीय नागरिक भी शामिल हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक नेपाल ने 2,502 और तिब्बत ने 546 लापता लोगों की सूची जारी की है। नेपाल की सूची में 592 विदेशी नागरिक भी शामिल हैं। इस बीच भारत सरकार की ओर से राहत और बचाव अभियान पर नजर रखी जा रही है। विदेश मंत्रालय ने रविवार शाम बताया कि नेपाल में फंसे 149 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित बचाया गया है।
शनिवार रात जारी लापता लोगों की सूची में 275 भारतीय नागरिकों के लापता होने की जानकारी सामने आई थी। इसके अलावा भारतीय मूल के 128 लोगों से संपर्क नहीं हो पाने की बात भी सामने आई है।
26 अगस्त को आई थी विनाशकारी बाढ़
नेपाल में भीषण बाढ़ और भूस्खलन की शुरुआत 26 अगस्त की सुबह हुई थी। नेपाल-तिब्बत सीमा (Nepal floods) के आसपास ग्लेशियर टूटने और भारी बारिश के कारण ल्हेन्दे खोला और भोटे कोशी नदियों में अचानक तेज बाढ़ आ गई। देखते ही देखते पानी ने बड़े इलाके को अपनी चपेट में ले लिया।
बाढ़ के कारण कई सड़कें, पुल और अन्य बुनियादी ढांचे क्षतिग्रस्त हुए हैं। कई इलाकों में संपर्क व्यवस्था प्रभावित हुई है और बड़ी संख्या में लोग सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए गए हैं।
भारतीयों की तलाश और राहत कार्य जारी
नेपाल में लापता भारतीय नागरिकों को लेकर भारत सरकार लगातार स्थिति (Nepal floods) पर नजर बनाए हुए है। राहत एवं बचाव एजेंसियां प्रभावित इलाकों में अभियान चला रही हैं। लापता लोगों की तलाश के साथ उनकी पहचान और सुरक्षित निकासी की प्रक्रिया जारी है। अधिकारियों के मुताबिक प्रभावित क्षेत्रों में हालात सामान्य करने के लिए राहत कार्य भी तेज किए जा रहे हैं।



