मां महामाया मंदिर में हाईटेक दर्शन: विदेश में बैठे भक्त QR कोड से देख सकेंगे लाइव आरती और अपनी मनोकामना ज्योति

रायपुर। नवरात्रि के पावन अवसर पर राजधानी रायपुर के प्राचीन मां महामाया मंदिर में श्रद्धालुओं के लिए इस बार भक्ति और तकनीक का अनोखा संगम देखने को मिलेगा। अब सात समंदर पार विदेशों में बैठे भक्त भी मां महामाया के दरबार से जुड़ सकेंगे। मंदिर ट्रस्ट की ओर से एनआरआई और दूरदराज के श्रद्धालुओं के लिए लाइव दर्शन, आरती और मनोकामना ज्योति देखने की विशेष व्यवस्था की गई है।
इस सुविधा के तहत श्रद्धालु QR कोड स्कैन करके मोबाइल फोन पर मां महामाया मंदिर के गर्भगृह के लाइव दर्शन कर सकेंगे। इसके साथ ही भक्त आरती भी देख पाएंगे और नवरात्रि के दौरान अपनी ओर से प्रज्ज्वलित कराई गई मनोकामना ज्योति को भी ऑनलाइन देख सकेंगे।
QR कोड स्कैन करते ही होंगे मां महामाया के दर्शन
रायपुर के पुरानी बस्ती स्थित करीब 1400 साल पुराने मां महामाया मंदिर में नवरात्रि के दौरान देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। कई ऐसे भक्त भी हैं जो विदेशों में रहते हैं और हर साल नवरात्रि के दौरान मां के दरबार में अपनी मनोकामना ज्योति जलवाते हैं।
ऐसे श्रद्धालुओं के लिए मंदिर ट्रस्ट ने आधुनिक तकनीक का सहारा लिया है। मंदिर की आधिकारिक वेबसाइट को QR कोड से जोड़ा गया है। श्रद्धालु QR कोड स्कैन कर वेबसाइट पर पहुंचेंगे और वहां से लाइव आरती तथा गर्भगृह के दर्शन कर सकेंगे।
सबसे खास बात यह है कि विदेश में बैठे भक्त अपनी मनोकामना ज्योति को भी मोबाइल स्क्रीन पर लाइव देख पाएंगे। यानी भक्त भले ही हजारों किलोमीटर दूर हों, लेकिन नवरात्रि के दौरान उन्हें मां के दरबार से जुड़े रहने का अनुभव मिलेगा।
नवरात्रि से पहले ही शुरू हो जाता है ज्योति कलश का पंजीयन
मां महामाया मंदिर में मनोकामना ज्योति का विशेष महत्व है। नवरात्रि शुरू होने से करीब दो महीने पहले ही श्रद्धालु ज्योति कलश के लिए पंजीयन कराना शुरू कर देते हैं। नवरात्रि के दौरान मंदिर परिसर में बड़ी संख्या में मनोकामना ज्योतियां प्रज्ज्वलित की जाती हैं।
बताया गया है कि इस बार मंदिर परिसर में 10 हजार से ज्यादा मनोकामना ज्योतियां जगमगाएंगी। देश के अलग-अलग हिस्सों के साथ-साथ विदेशों में रहने वाले भारतीय श्रद्धालु भी ऑनलाइन माध्यम से अपनी ज्योति प्रज्ज्वलित करा रहे हैं।
मंदिर ट्रस्ट के मुताबिक, अमेरिका, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, जापान, रूस और लंदन सहित कई देशों में रहने वाले भारतीय भक्त ऑनलाइन माध्यम से ज्योति के लिए शुल्क भेज रहे हैं। विदेशों में रहने वाले श्रद्धालुओं के लिए मनोकामना ज्योति की ऑनलाइन व्यवस्था ने नवरात्रि की आस्था को एक नई डिजिटल पहचान दी है।
700 रुपए में विदेश से जला सकेंगे मनोकामना ज्योति
विदेश में रहने वाले श्रद्धालु ऑनलाइन माध्यम से 700 रुपए का शुल्क भेजकर मंदिर में अपनी मनोकामना ज्योति प्रज्ज्वलित करवा सकते हैं। इस साल विदेशों से करीब 25 से 30 ज्योति कलश जलाए जाने की जानकारी दी गई है।
इन ज्योतियों को श्रद्धालु QR कोड के जरिए अपने मोबाइल पर लाइव देख सकेंगे। इससे उन भक्तों को खास सुविधा मिलेगी जो नौकरी, व्यवसाय या अन्य कारणों से नवरात्रि के दौरान रायपुर नहीं पहुंच पाते।
रावांभाठा बंजारी माता मंदिर में भी विदेशों से ज्योति पंजीयन
रायपुर-बिलासपुर मार्ग पर स्थित प्रसिद्ध रावांभाठा बंजारी माता मंदिर में भी नवरात्रि को लेकर श्रद्धालुओं में खास उत्साह है। मंदिर समिति के अनुसार यहां भी करीब 10 हजार मनोकामना ज्योतियों का पंजीयन किया जा रहा है।
इनमें ऑस्ट्रेलिया और कनाडा सहित विदेशों में रहने वाले श्रद्धालुओं के ज्योति कलश भी शामिल हैं। कोरोना काल के दौरान मंदिर समिति ने फेसबुक लाइव के जरिए आरती दर्शन की शुरुआत की थी। अब मंदिर समिति भविष्य में मां महामाया मंदिर की तर्ज पर QR कोड आधारित लाइव दर्शन व्यवस्था शुरू करने की तैयारी कर रही है।
नवरात्रि के लिए मंदिरों में तैयारियां तेज
शारदीय नवरात्रि को लेकर रायपुर के प्राचीन देवी मंदिरों में तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। मंदिर परिसरों में सजावट, विद्युत रोशनी, झांकियों और सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
मंदिर समितियां श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने में जुटी हैं। वहीं, तकनीक के इस्तेमाल से अब स्थानीय श्रद्धालुओं के साथ विदेश में रहने वाले भक्त भी नवरात्रि के धार्मिक आयोजनों से सीधे जुड़ सकेंगे।
मां महामाया मंदिर की यह पहल बताती है कि आस्था और तकनीक का मेल अब धार्मिक आयोजनों को भी नई पहुंच दे रहा है। पहले जहां विदेश में रहने वाले भक्त केवल अपनी ज्योति जलवाकर संतुष्ट होते थे, वहीं अब वे अपने मोबाइल पर मां के गर्भगृह, आरती और अपनी मनोकामना ज्योति के लाइव दर्शन भी कर सकेंगे।



