कोयला लेवी मामले में राकेश जैन को सुप्रीम कोर्ट से मिली नियमित जमानत, हाईकोर्ट ने खारिज की थी याचिका

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित कोयला लेवी मामले में सुप्रीम कोर्ट ने मुख्य आरोपी सूर्यकांत तिवारी के कथित सहयोगी राकेश जैन उर्फ आर.के. जैन को नियमित जमानत दे दी है। मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहना की पीठ ने सुनवाई के बाद ट्रायल कोर्ट द्वारा तय की जाने वाली शर्तों पर उनकी रिहाई का आदेश दिया।
इससे पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने 27 जुलाई 2026 को राकेश जैन की जमानत याचिका खारिज कर दी थी।
540 करोड़ रुपये की अवैध वसूली का आरोप
अभियोजन पक्ष के अनुसार, कोयला परिवहन पर प्रति टन 25 रुपये की अवैध वसूली की गई थी। इस वसूली की कुल रकम करीब 540 करोड़ रुपये बताई गई है। राकेश जैन पर इस राशि को खपाने में मदद करने का आरोप है। उन्हें 11 दिसंबर 2025 को गिरफ्तार किया गया था।
सुप्रीम कोर्ट ने इन तथ्यों पर किया गौर
सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने गौर किया कि राकेश जैन का नाम शुरुआती एफआईआर में शामिल नहीं था। उन्हें 10 मार्च 2026 को दाखिल चौथे पूरक आरोपपत्र में आरोपी बनाया गया था।
कोर्ट ने यह भी ध्यान में रखा कि मामले के अन्य सह-आरोपियों को पहले ही जमानत मिल चुकी है। इसके अलावा जांच पूरी हो चुकी है और आरोपपत्र भी दाखिल किया जा चुका है।
इन परिस्थितियों को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने नियमित जमानत मंजूर कर दी। हालांकि, अदालत ने मामले के गुण-दोष पर कोई राय व्यक्त नहीं की है।



