
नई दिल्ली। सिक्योरिटी सर्विस सेक्टर की दिग्गज कंपनी Security and Intelligence Services (SIS) के शेयरों में बुधवार को जोरदार खरीदारी देखने को मिली। कंपनी द्वारा शेयर बायबैक प्रस्ताव पर विचार करने की घोषणा के बाद निवेशकों का उत्साह बढ़ गया और शेयर 12 फीसदी से ज्यादा की छलांग लगाकर 52 हफ्ते के नए उच्च स्तर पर पहुंच गया।
कंपनी ने जानकारी दी है कि 29 जून को होने वाली बोर्ड बैठक में शेयर बायबैक प्रस्ताव पर विचार किया जाएगा। इसी खबर के बाद बाजार में SIS के शेयरों की मांग तेजी से बढ़ी।
52 हफ्ते के उच्च स्तर पर पहुंचा शेयर
बुधवार के कारोबारी सत्र में SIS का शेयर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर 12 प्रतिशत से अधिक उछलकर 480.95 रुपये तक पहुंच गया। यह कंपनी का 52 सप्ताह का सबसे ऊंचा स्तर है।
कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज को दी सूचना में बताया कि बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की बैठक 29 जून को आयोजित की जाएगी। इसी बैठक में शेयर बायबैक के प्रस्ताव पर फैसला लिया जा सकता है।
ट्रेडिंग विंडो भी की गई बंद
कंपनी ने यह भी बताया कि बायबैक प्रस्ताव को देखते हुए इनसाइडर ट्रेडिंग नियमों के तहत निर्धारित व्यक्तियों और उनके करीबी रिश्तेदारों के लिए ट्रेडिंग विंडो 23 जून से बंद कर दी गई है। यह प्रतिबंध बोर्ड बैठक के नतीजे घोषित होने के 48 घंटे बाद तक जारी रहेगा।
2026 में अब तक 40 फीसदी का रिटर्न
SIS के शेयरों ने इस साल निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया है। पिछले एक सप्ताह में शेयर करीब 9 फीसदी, जबकि एक महीने में लगभग 18 फीसदी चढ़ चुका है।
वहीं साल 2026 की शुरुआत से अब तक कंपनी का शेयर करीब 40 फीसदी की तेजी दिखा चुका है। लंबी अवधि में भी शेयर ने अच्छा प्रदर्शन किया है। पिछले एक साल में 26 फीसदी, तीन साल में 11 फीसदी और पांच साल में 8 फीसदी से अधिक का रिटर्न निवेशकों को मिला है।
पहले भी कई बार कर चुकी है बायबैक
SIS इससे पहले भी 2021, 2022, 2023 और 2025 में शेयर बायबैक कार्यक्रम चला चुकी है। पिछले साल कंपनी ने 150 करोड़ रुपये के बायबैक की घोषणा की थी।
फिलहाल कंपनी का कुल मार्केट कैप 6,532 करोड़ रुपये से अधिक है, जिससे यह अपने सेक्टर की प्रमुख कंपनियों में शामिल है।
मजबूत वित्तीय नतीजों से बढ़ा भरोसा
कंपनी की हालिया वित्तीय प्रदर्शन ने भी निवेशकों का विश्वास मजबूत किया है। वित्त वर्ष 2026 में कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट करीब 24 फीसदी बढ़कर 392 करोड़ रुपये पहुंच गया।
इसके अलावा कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 21 फीसदी से अधिक बढ़कर 15,982 करोड़ रुपये हो गया। वहीं EBITDA भी 19 फीसदी की वृद्धि के साथ रिकॉर्ड 717 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।
कई देशों में फैला है कारोबार
SIS केवल भारत ही नहीं बल्कि ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और सिंगापुर जैसे देशों में भी सिक्योरिटी, फैसिलिटी मैनेजमेंट और कैश लॉजिस्टिक्स सेवाएं प्रदान करती है।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि यदि बोर्ड बैठक में बायबैक प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है तो आने वाले दिनों में शेयर में और भी हलचल देखने को मिल सकती है। फिलहाल निवेशकों की नजर 29 जून की बोर्ड बैठक पर टिकी हुई है।

