वैभव सूर्यवंशी को दलीप ट्रॉफी में उप-कप्तान बनाना जल्दबाजी, सचिन तेंदुलकर ने दी यह सलाह

भारतीय क्रिकेट के दिग्गज सचिन तेंदुलकर ने युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को दलीप ट्रॉफी में उप-कप्तान बनाए जाने के फैसले पर अपनी असहमति जताई है। उनका मानना है कि 15 साल के वैभव को इतनी कम उम्र में नेतृत्व की जिम्मेदारी देना जल्दबाजी थी। सचिन ने कहा कि फिलहाल उन्हें ज्यादा से ज्यादा रेड बॉल क्रिकेट खेलने का मौका मिलना चाहिए और उनके विकास के लिए धीरे-धीरे कदम आगे बढ़ाने चाहिए।
रेड बॉल क्रिकेट पर ध्यान देने की सलाह
सचिन तेंदुलकर ने यह राय एक ऑनलाइन ‘आस्क मी एनीथिंग’ सेशन के दौरान दी। उनसे पूछा गया था कि 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को दलीप ट्रॉफी में उप-कप्तान बनाए जाने के फैसले को वह किस नजरिए से देखते हैं।
इस पर सचिन ने कहा कि उनके हिसाब से वैभव को उप-कप्तान बनाना सही फैसला नहीं था। अभी उन्हें खेलने देना चाहिए और ज्यादा से ज्यादा रेड बॉल मैच खेलने का अवसर देना चाहिए। सचिन के मुताबिक, युवा खिलाड़ी को आगे बढ़ाने के लिए एक-एक कदम सोच-समझकर उठाना जरूरी है।
ईस्ट जोन की चयन समिति ने फैसले का किया था बचाव
वैभव सूर्यवंशी को दलीप ट्रॉफी में उप-कप्तान बनाए जाने के फैसले पर उस समय भी क्रिकेट विशेषज्ञों ने सवाल उठाए थे। हालांकि, ईस्ट जोन की चयन समिति के सदस्य प्रवंजन मलिक ने इस फैसले का बचाव किया था।
उन्होंने कहा था कि वैभव को कप्तान नहीं, बल्कि उप-कप्तान बनाया गया है। टीम की कप्तानी ईशान किशन के पास है। ईशान विकेटकीपर भी हैं, इसलिए मैच के दौरान वह लगातार खेल में शामिल रहेंगे। मलिक के अनुसार, वैभव को थोड़ी जिम्मेदारी देने का उद्देश्य उन्हें अधिक परिपक्व बनाना था।
टीम इंडिया का कप्तान बनने की जताई थी उम्मीद
प्रवंजन मलिक ने वैभव सूर्यवंशी के भविष्य को लेकर उम्मीद जताई थी कि वह एक दिन भारतीय टीम की कप्तानी भी कर सकते हैं। उन्होंने कहा था कि युवा खिलाड़ियों को जिम्मेदारी देना जरूरी है और वैभव में आगे चलकर टीम इंडिया का कप्तान बनने की क्षमता है।
मलिक ने वैभव के प्रदर्शन का भी जिक्र किया था। उन्होंने बताया था कि वैभव देश के लिए अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं और राजस्थान रॉयल्स के साथ उनका आईपीएल सीजन भी शानदार रहा है। इसके अलावा वह बिहार रणजी टीम के उप-कप्तान की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं।



