मोबाइल फोन की बैटरी बनाने से शुरू हुआ सफर, आज दुनिया की बड़ी इलेक्ट्रिक कार कंपनियों में शामिल है BYD

इलेक्ट्रिक वाहनों की दुनिया में चीन की कंपनी BYD आज एक बड़ा नाम बन चुकी है। कंपनी अपनी इलेक्ट्रिक कारों और आधुनिक बैटरी तकनीक के दम पर दुनिया की प्रमुख ऑटोमोबाइल कंपनियों को चुनौती दे रही है। हालांकि, बहुत कम लोग जानते हैं कि BYD ने अपने कारोबार की शुरुआत कार बनाने से नहीं, बल्कि मोबाइल फोन की बैटरियां तैयार करने से की थी। करीब तीन दशक के सफर में कंपनी ने बैटरी निर्माता से वैश्विक इलेक्ट्रिक वाहन कंपनी बनने तक का सफर तय किया है।
1995 में बैटरी कारोबार से हुई थी शुरुआत
BYD की स्थापना फरवरी 1995 में चीन के शेनझेन शहर में वांग चुआनफू ने की थी। पेशे से केमिस्ट वांग चुआनफू ने उस समय रिचार्जेबल बैटरी के कारोबार में भविष्य की संभावनाएं देखीं। उस दौर में मोबाइल फोन का बाजार तेजी से बढ़ रहा था और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों में इस्तेमाल होने वाली बैटरियों की मांग भी लगातार बढ़ रही थी।
इसी अवसर को देखते हुए उन्होंने कंपनी की शुरुआत की। शुरुआती दिनों में BYD मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के लिए बैटरियां बनाती थी। धीरे-धीरे कंपनी ने अपनी तकनीक और उत्पादन क्षमता को बेहतर किया और अंतरराष्ट्रीय बाजार में पहचान बनानी शुरू कर दी।
2003 में ऑटोमोबाइल सेक्टर में रखा कदम
बैटरी कारोबार में सफलता मिलने के बाद BYD ने अपने बिजनेस का विस्तार करने का फैसला किया। साल 2003 में कंपनी ने आर्थिक मुश्किलों से जूझ रही चीनी कार निर्माता कंपनी शियान किनचुआन ऑटोमोबाइल में बहुमत हिस्सेदारी खरीद ली। इसके साथ ही BYD ने ऑटोमोबाइल सेक्टर में प्रवेश किया।
साल 2005 में कंपनी ने अपनी पहली कार BYD F3 लॉन्च की, जो पेट्रोल से चलने वाली सेडान थी। इसके बाद कंपनी ने इलेक्ट्रिक और हाइब्रिड वाहनों पर ध्यान देना शुरू किया। साल 2008 में BYD ने F3DM नाम से प्लग-इन हाइब्रिड कार पेश की। इसमें पेट्रोल इंजन के साथ इलेक्ट्रिक मोटर भी दी गई थी। यह कंपनी के इलेक्ट्रिक वाहन कारोबार की दिशा में एक अहम उपलब्धि थी।
ब्लेड बैटरी बनी कंपनी की सबसे बड़ी ताकत
BYD की सफलता के पीछे उसकी बैटरी तकनीक की महत्वपूर्ण भूमिका है। कंपनी केवल इलेक्ट्रिक कारें ही नहीं बनाती, बल्कि उनके लिए बैटरियां भी खुद तैयार करती है। कंपनी ने ब्लेड बैटरी तकनीक विकसित की है, जिसमें लिथियम आयरन फॉस्फेट (LFP) तकनीक का इस्तेमाल किया जाता है।
इस बैटरी को सुरक्षा, मजबूती और बेहतर प्रदर्शन को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। इसके अलावा कंपनी इलेक्ट्रिक कारों के लिए मोटर, इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम और अन्य जरूरी तकनीकों पर भी काम करती है। इससे उसे वाहनों की लागत और तकनीक पर बेहतर नियंत्रण मिलता है।
120 से ज्यादा देशों में फैला कारोबार
आज BYD का कारोबार चीन तक सीमित नहीं है। कंपनी इलेक्ट्रिक कारों, प्लग-इन हाइब्रिड वाहनों, बसों, बैटरियों और रिन्यूएबल एनर्जी जैसे क्षेत्रों में सक्रिय है। कंपनी के अनुसार, अप्रैल 2026 तक उसके न्यू एनर्जी वाहन 120 से ज्यादा देशों और क्षेत्रों में पहुंच चुके थे।
मई 2026 के अंत तक कंपनी की कुल न्यू एनर्जी वाहन बिक्री 1.65 करोड़ यूनिट से अधिक हो चुकी थी। साल 2024 में BYD दुनिया की पहली ऐसी ऑटोमोबाइल कंपनी बनी थी, जिसने 1 करोड़ न्यू एनर्जी वाहनों का उत्पादन पूरा किया।
भारत में भी कंपनी ने अपनी मौजूदगी मजबूत की है। यहां BYD Atto 3, eMAX 7, Seal और Sealion 7 जैसे इलेक्ट्रिक मॉडल बेच रही है।
भारत में लग्जरी ब्रांड Denza की एंट्री की तैयारी
BYD अब भारत में अपने लग्जरी ब्रांड Denza को लॉन्च करने जा रही है। इसकी एंट्री 13 नवंबर 2026 को प्रस्तावित है। शुरुआत में कंपनी Denza Z9 GT शूटिंग ब्रेक और D9 लग्जरी MPV पेश करेगी।
इन दोनों वाहनों को कंपनी की मौजूदा कारों से ऊपर रखा जाएगा। इनकी कीमत 80 लाख रुपये से अधिक की श्रेणी में रहने की उम्मीद है। इस लॉन्च के साथ BYD भारत के प्रीमियम और लग्जरी इलेक्ट्रिक वाहन बाजार में अपनी स्थिति मजबूत करने की तैयारी कर रही है।



