वेनेजुएला में भीषण भूकंप पर पीएम मोदी ने जताया दुख, भारत ने हरसंभव मदद का दिया भरोसा

वेनेजुएला में आए भीषण भूकंप से हुई तबाही पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने भारत की ओर से वेनेजुएला सरकार और प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए कहा कि इस कठिन समय में भारत हरसंभव मदद के लिए तैयार है।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संदेश में कहा, “वेनेजुएला में आए विनाशकारी भूकंप से हुई तबाही से मैं बेहद दुखी हूं। भारत के लोगों की ओर से मैं वेनेजुएला की सरकार और वहां के नागरिकों, विशेषकर अपने प्रियजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं। हम घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं और इस मुश्किल घड़ी में प्रभावित लोगों के साथ एकजुटता से खड़े हैं।”
7.2 और 7.5 तीव्रता के झटकों से दहला देश
अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) के अनुसार, वेनेजुएला की राजधानी काराकस से लगभग 160 किलोमीटर पश्चिम में 7.2 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया। इसके एक मिनट से भी कम समय बाद 7.5 तीव्रता का दूसरा झटका महसूस किया गया।
USGS ने आशंका जताई है कि इस आपदा में बड़ी संख्या में लोगों की जान जा सकती है और व्यापक स्तर पर नुकसान हुआ है। शुरुआती अनुमानों के मुताबिक मृतकों की संख्या हजारों तक पहुंच सकती है।
ला गुएरा में सबसे ज्यादा तबाही
वेनेजुएला सरकार के अनुसार, सबसे ज्यादा नुकसान कैरिबियाई तट पर स्थित ला गुएरा क्षेत्र में हुआ है। प्रभावित इलाके को आपदा क्षेत्र घोषित कर दिया गया है और वहां बड़े पैमाने पर राहत एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है।
कार्यवाहक राष्ट्रपति ने बताया कि कई देशों से बचाव दल और राहत सामग्री वेनेजुएला पहुंच रही है। उन्होंने अमेरिका, डोमिनिकन रिपब्लिक, अल साल्वाडोर, मैक्सिको और कतर सहित कई देशों का सहायता के लिए आभार जताया।
काराकस में इमारतें ढहीं, कई लोग घायल
राजधानी काराकस में भी भूकंप का व्यापक असर देखने को मिला। बारुटा जिले में दो इमारतें गिरने से तीन लोगों की मौत हो गई। वहीं चाकाओ जिले में एक व्यक्ति की जान गई और चार इमारतें पूरी तरह ढह गईं।
स्थानीय प्रशासन के मुताबिक, कम से कम 22 लोगों को घायल अवस्था में अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। बचाव दल मलबे में फंसे लोगों की तलाश में लगातार अभियान चला रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय सहायता की उम्मीद
भूकंप के बाद राहत और बचाव कार्यों को तेज करने के लिए अंतरराष्ट्रीय सहयोग बढ़ रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि नुकसान का वास्तविक आकलन आने वाले दिनों में ही हो पाएगा, क्योंकि कई प्रभावित क्षेत्रों से अभी पूरी जानकारी नहीं मिल पाई है।
वेनेजुएला में आई इस प्राकृतिक आपदा ने पूरे क्षेत्र में चिंता बढ़ा दी है और दुनिया भर के देशों ने प्रभावित लोगों के प्रति संवेदना व्यक्त की है।

