रिलायंस जियो लाएगी देश का सबसे बड़ा आईपीओ, 33 हजार करोड़ रुपये जुटाने की तैयारी

मुकेश अंबानी की टेलीकॉम कंपनी रिलायंस जियो जल्द ही अपने बहुप्रतीक्षित आईपीओ के लिए ड्राफ्ट पेपर दाखिल कर सकती है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह आईपीओ करीब 33 हजार करोड़ रुपये का हो सकता है, जो भारतीय शेयर बाजार के इतिहास का सबसे बड़ा आईपीओ बनने की ओर बढ़ रहा है।
रिपोर्ट के मुताबिक, 19 जून को होने वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज की 49वीं वार्षिक आम बैठक (एजीएम) से पहले आईपीओ से जुड़ी बड़ी घोषणा हो सकती है। इससे पहले हुंडई मोटर इंडिया का आईपीओ देश का सबसे बड़ा सार्वजनिक निर्गम माना जाता था, लेकिन जियो का प्रस्तावित आईपीओ उस रिकॉर्ड को पीछे छोड़ सकता है।
जानकारी के अनुसार, कंपनी ने ऑफर फॉर सेल की बजाय फ्रेश इश्यू का रास्ता चुना है। इसका मतलब है कि आईपीओ से जुटाई गई पूरी राशि जियो के कारोबार के विस्तार, 5जी नेटवर्क को मजबूत करने और नई तकनीकों में निवेश के लिए इस्तेमाल की जाएगी।
रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों पर इस साल दबाव देखने को मिला है। खाड़ी क्षेत्र में तनाव और रिफाइनिंग कारोबार पर असर के चलते कंपनी के मुनाफे में गिरावट दर्ज की गई है। ऐसे में जियो का आईपीओ रिलायंस समूह के लिए नई संभावनाएं लेकर आ सकता है।
साल 2020 में जियो ने वैश्विक निवेशकों से बड़े पैमाने पर निवेश जुटाया था, जिसके बाद कंपनी कर्जमुक्त हो गई थी। अब जियो दूरसंचार सेवाओं के अलावा क्लाउड कंप्यूटिंग, ब्रॉडबैंड, एंटरप्राइज सेवाओं और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के क्षेत्र में भी तेजी से विस्तार कर रही है।
निवेशकों की नजर अब 19 जून की एजीएम पर टिकी है, जहां जियो के आईपीओ और भविष्य की रणनीति से जुड़े महत्वपूर्ण ऐलान किए जा सकते हैं।

