पेपर लीक पर पीएम का बड़ा ऐलान: फास्ट ट्रैक कोर्ट बनेंगे, दोषियों को नहीं बख्शेंगे; जंतर-मंतर पर छात्रों और पुलिस में झड़प

दिल्ली। NEET पेपर लीक मामले को लेकर जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM) ने बड़ा ऐलान किया है।
गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर उन्होंने कहा कि पेपर लीक जैसे मामलों की त्वरित सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाए जाएंगे।
उन्होंने लिखा कि देश के युवाओं का भविष्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और उनके भविष्य से खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
बुधवार को पुलिस प्रदर्शनकारियों के बीच झडप
इधर, दिल्ली के जंतर-मंतर पर शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों और पुलिस के बीच बुधवार रात करीब 8:30 बजे झड़प हो गई।
पुलिस के अनुसार, कुछ प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पत्थर और कांच की बोतलें फेंकी, जिसमें एसीपी कनॉट प्लेस विवेक भगत घायल हो गए। इसके बाद पुलिस ने स्थिति नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े। करीब 10 से 15 मिनट तक चले हंगामे के बाद हालात सामान्य हो गए।
सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में कुछ प्रदर्शनकारियों के हाथों में लाठियां भी दिखाई दीं। वहीं प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि पुलिस (PM) ने बल प्रयोग किया। घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई।
16 मेट्रो स्टेशन बंद
दिल्ली में प्रदर्शन को देखते हुए एहतियात के तौर पर 16 मेट्रो स्टेशनों को अस्थायी रूप से बंद किया गया था, जिन्हें बाद में खोल दिया गया। केंद्र सरकार ने सुरक्षा बढ़ाने के लिए पश्चिम बंगाल से सीआरपीएफ की 20 अतिरिक्त कंपनियां दिल्ली बुला ली हैं।
दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन के दौरान रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के जवान पर हमले के मामले (PM) में एफआईआर दर्ज की है। दूसरी ओर, दिल्ली हाईकोर्ट ने छात्रों से कथित मारपीट के मामले में सुनवाई करते हुए सरकार को घटनास्थल के सभी सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित रखने के निर्देश दिए हैं।
उधर, मुंबई पुलिस ने भी 18 से 22 जुलाई के बीच हुए प्रदर्शनों के दौरान गैरकानूनी जमावड़े के आरोप में 13 एफआईआर दर्ज कर करीब 400 लोगों को नोटिस जारी किया है। पूरे घटनाक्रम के बीच पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था को लेकर सियासी माहौल लगातार गर्म बना हुआ है।

