बड़ी खुशखबरी! भिलाई में जल्द दौड़ेंगी 50 इलेक्ट्रिक बसें
रायपुर तक सफर होगा आसान और किफायती

भिलाई। भिलाई-दुर्ग के लोगों के लिए राहत भरी खबर है। जल्द ही शहर की सड़कों पर 50 इलेक्ट्रिक बसें दौड़ती नजर आएंगी। प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत इन बसों के संचालन की लगभग सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। अब सिर्फ रेलवे से अंतिम अनुमति मिलना बाकी है। अनुमति मिलते ही बसों का संचालन शुरू कर दिया जाएगा। इन बसों के चलने से भिलाई, दुर्ग और रायपुर के बीच रोजाना सफर करने वाले हजारों लोगों को बड़ी सुविधा मिलेगी।
रेलवे की मंजूरी मिलते ही शुरू होगा संचालन
नगर निगम ने ई-बस स्टैंड का निर्माण पूरा कर लिया है। चार्जिंग स्टेशन समेत अधिकांश तकनीकी व्यवस्थाएं भी तैयार हैं। रेलवे से अंतिम अनुमति मिलने के बाद प्रकाश व्यवस्था शुरू की जाएगी और फिर बसों को सड़कों पर उतार दिया जाएगा। ये बसें भिलाई से रायपुर और अन्य प्रमुख रूटों पर संचालित होंगी।
रोजाना आने-जाने वाले यात्रियों को मिलेगी राहत
भिलाई-दुर्ग से हर दिन बड़ी संख्या में छात्र, कर्मचारी और नौकरीपेशा लोग रायपुर आते-जाते हैं। अभी इनमें से अधिकांश लोग निजी दोपहिया या चारपहिया वाहनों का इस्तेमाल करते हैं। इलेक्ट्रिक बस सेवा शुरू होने के बाद उन्हें सुरक्षित, आरामदायक और कम खर्च वाला सार्वजनिक परिवहन मिलेगा। इससे पेट्रोल-डीजल की खपत भी घटेगी और सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव कम होगा।
प्रदेश के चार शहरों को मिली ई-बस सेवा की सौगात
केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत छत्तीसगढ़ के रायपुर, दुर्ग-भिलाई, बिलासपुर और कोरबा को इलेक्ट्रिक बसों की मंजूरी दी है।
रायपुर को 100 ई-बसें
दुर्ग-भिलाई को 50 मीडियम ई-बसें
बिलासपुर को 35 मीडियम और 15 मिनी ई-बसें
कोरबा को 20 मीडियम और 20 मिनी ई-बसें
प्रदर्शन के आधार पर मिलेगी केंद्र से आर्थिक मदद
योजना के तहत बसों की खरीद और संचालन के लिए एजेंसी का चयन केंद्र सरकार करेगी। शहरों को मिलने वाली आर्थिक सहायता इस बात पर निर्भर करेगी कि बसें तय मानकों के अनुसार कितने किलोमीटर चलती हैं। बेहतर प्रदर्शन करने वाले शहरों को अधिक सहायता मिलेगी, जबकि कम संचालन होने पर सहायता भी घट सकती है।
हर तीन महीने होगी निगरानी
योजना में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए थर्ड पार्टी ऑडिट की व्यवस्था की गई है। हर तीन महीने में बसों के संचालन, वित्तीय उपयोग और प्रदर्शन की समीक्षा होगी। नगर निकायों को नियमित रूप से केंद्र सरकार को रिपोर्ट भी भेजनी होगी।
20 लाख लोगों को मिलेगा सीधा फायदा
ई-बस सेवा शुरू होने से दुर्ग जिले की करीब 20 लाख आबादी को सीधा लाभ मिलेगा। खासकर छात्रों, कर्मचारियों और रोजाना सफर करने वाले यात्रियों के लिए यह सेवा बेहद उपयोगी साबित होगी। साथ ही इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से प्रदूषण कम होगा और सरकार की हरित परिवहन नीति को भी मजबूती मिलेगी।
भिलाई नगर निगम आयुक्त सुरुचि सिंह के अनुसार, ई-बस सेवा के लिए लगभग सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। अब सिर्फ रेलवे की अंतिम अनुमति का इंतजार है। अनुमति मिलते ही भिलाई-दुर्ग की सड़कों पर इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू कर दिया जाएगा।

