कल्याण ज्वेलर्स के शेयरों पर ब्रेक! 5 करोड़ शेयरों की ब्लॉक डील की खबर से बढ़ी बिकवाली

शेयर बाजार में पिछले एक महीने से शानदार तेजी दिखा रहे कल्याण ज्वेलर्स के शेयरों की रफ्तार सोमवार को अचानक थम गई। कंपनी के शेयर कारोबार के दौरान करीब 1.1% गिरकर 567 रुपये पर पहुंच गए। बाजार में चर्चा है कि एक बड़ा घरेलू म्यूचुअल फंड ब्लॉक डील के जरिए कंपनी के करीब 5 करोड़ शेयर बेचने की तैयारी में है। इसी खबर के बाद निवेशकों में मुनाफावसूली बढ़ गई।
8-10% डिस्काउंट पर हो सकती है ब्लॉक डील
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह संभावित ब्लॉक डील मौजूदा बाजार भाव से 8 से 10 फीसदी डिस्काउंट पर हो सकती है। हालांकि, रिपोर्ट में किसी फंड का नाम नहीं बताया गया है, लेकिन 30 जून 2026 तक उपलब्ध शेयरहोल्डिंग आंकड़ों के अनुसार, मोतीलाल ओसवाल मिडकैप फंड के पास कंपनी की करीब 9.17% हिस्सेदारी (लगभग 9.5 करोड़ शेयर) है।
पिछले एक महीने में कल्याण ज्वेलर्स का शेयर 50% से अधिक चढ़ चुका है। ऐसे में बाजार विशेषज्ञ इस संभावित बिक्री को मुनाफावसूली की सामान्य प्रक्रिया मान रहे हैं। खबर है कि इस ब्लॉक डील को पूरा कराने के लिए दो निवेश बैंक भी नियुक्त किए गए हैं।
गिरावट के बावजूद ब्रोकरेज का भरोसा कायम
शेयर में आई ताजा कमजोरी के बावजूद कई बाजार विशेषज्ञ कंपनी के दीर्घकालिक प्रदर्शन को लेकर सकारात्मक हैं। हाल ही में वैश्विक ब्रोकरेज फर्म सिटीग्रुप ने इस शेयर पर अपनी ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखते हुए 750 रुपये का लक्ष्य मूल्य दिया था।
ब्रोकरेज के मुताबिक, जून तिमाही में कंपनी के समेकित राजस्व में सालाना आधार पर 38% की वृद्धि हुई है। कंपनी की फ्रेंचाइजी आधारित विस्तार रणनीति भविष्य में भी बेहतर रिटर्न ऑन कैपिटल एंप्लॉयड (RoCE) देने में मदद कर सकती है।
डिजिटल बिजनेस ने दिखाई दमदार बढ़त
कल्याण ज्वेलर्स का डिजिटल ज्वेलरी ब्रांड कैंडीरे (Candere) भी तेजी से बढ़ रहा है। जून तिमाही में इसके राजस्व में सालाना आधार पर 112% की वृद्धि दर्ज की गई। वहीं भारत में समान स्टोर बिक्री (SSSG) के दम पर कंपनी का कुल राजस्व 28% बढ़ा।
अंतरराष्ट्रीय कारोबार में भी लगभग 35% की बढ़ोतरी हुई, जिसमें पश्चिम एशिया का सबसे बड़ा योगदान रहा। कंपनी ने हाल ही में 12 नए कल्याण ज्वेलर्स शोरूम और 5 नए कैंडीरे स्टोर शुरू किए हैं। इसके साथ ही देश-विदेश में कंपनी के कुल शोरूम की संख्या बढ़कर 524 हो गई है।
कंपनी प्रबंधन को उम्मीद है कि आगामी त्योहारी और शादी के सीजन में मांग बढ़ने से कारोबार को और मजबूती मिलेगी।

