छत्तीसगढ़ में RTE शुल्क प्रतिपूर्ति नहीं बढ़ेगी, शिक्षा विभाग का आदेश जारी
निजी स्कूलों की मांग नामंजूर

रायपुर।छत्तीसगढ़ सरकार ने RTE (शिक्षा का अधिकार अधिनियम) के तहत निजी स्कूलों को मिलने वाली शुल्क प्रतिपूर्ति राशि बढ़ाने की मांग को खारिज कर दिया है। स्कूल शिक्षा(Education) विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी करते हुए स्पष्ट किया है कि फिलहाल प्रतिपूर्ति राशि में किसी तरह का संशोधन नहीं किया जाएगा।
15 हजार रुपये करने की थी मांग
छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन ने सरकार से RTE के तहत प्रति छात्र मिलने वाली शुल्क प्रतिपूर्ति राशि बढ़ाकर 15 हजार रुपये करने की मांग की थी। एसोसिएशन का तर्क था कि मौजूदा राशि बढ़ती शिक्षा(Education) लागत के मुकाबले पर्याप्त नहीं है। सरकार ने प्रस्ताव की समीक्षा के बाद इसे स्वीकार नहीं किया।
सरकार ने क्या कहा?
स्कूल शिक्षा(Education) विभाग के अनुसार, प्रतिपूर्ति राशि तय करते समय बजट प्रावधान और RTE के तहत पढ़ने वाले विद्यार्थियों की संख्या का आकलन किया गया। विभाग का कहना है कि वर्तमान व्यवस्था पर्याप्त है, इसलिए अभी राशि बढ़ाने की जरूरत नहीं है।फिलहाल RTE के तहत प्राथमिक स्कूलों के लिए प्रति छात्र 7,790.52 रुपये और उच्च प्राथमिक स्कूलों के लिए 11,990.52 रुपये की प्रतिपूर्ति जारी रहेगी। यानी निजी स्कूलों को फिलहाल पहले से तय दर पर ही भुगतान मिलेगा।

