जॉर्डन से मिली खुफिया जानकारी के बाद ईरान का हमला, अमेरिका के 20 सैन्य ठिकानों को बनाया निशाना

तेहरान। ईरान ने दावा किया है कि जॉर्डन से मिली खुफिया जानकारी के आधार पर उसने रविवार को जॉर्डन में मौजूद अमेरिका के 20 सैन्य ठिकानों पर हमला किया। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड (IRGC) के अनुसार, इन हमलों में ड्रोन का इस्तेमाल किया गया और अमेरिका के कई सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया।
ईरान का कहना है कि हमले में अमेरिका का एक प्रमुख रसद केंद्र पूरी तरह नष्ट हो गया। वहीं, हमले में दो अमेरिकी सैनिकों की मौत और एक के लापता होने का भी दावा किया गया है। हालांकि, अमेरिका ने इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
ईरान के मुताबिक, जॉर्डन की ओर से अमेरिकी सैन्य ठिकानों की जानकारी मिलने के बाद हमले की योजना बनाई गई। बताया गया कि अल-अजराक एयर बेस समेत कई अहम ठिकानों को निशाना बनाया गया। हालांकि, जॉर्डन की सेना ने इन आरोपों पर अब तक कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।
रिपोर्टों के अनुसार, हमले की सटीकता को देखकर अमेरिका भी हैरान है। शुरुआत में आशंका जताई जा रही थी कि ईरान को यह जानकारी किसी अन्य स्रोत से मिली होगी, लेकिन IRGC के दावे के बाद मामले की जांच नए सिरे से की जा रही है।
ईरान का यह भी दावा है कि मौजूदा संघर्ष में अमेरिका के करीब 20 सैनिक मारे जा चुके हैं। वहीं, कुछ रिपोर्टों में कहा गया है कि कुवैत, कतर और बहरीन में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को भी नुकसान पहुंचा है। हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।

