
दिल्ली। अनिल अंबानी की रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड (Reliance Infrastructure) में बड़ा प्रबंधन बदलाव हुआ है। कंपनी के रिन्यूएबल बिजनेस के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) इवान साहा ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज को दी गई नियामक फाइलिंग में इसकी जानकारी देते हुए बताया कि उनका इस्तीफा 31 जुलाई 2026 से प्रभावी हो गया है।
निजी कारणों से दिया इस्तीफा
कंपनी के अनुसार, इवान साहा ने अपने इस्तीफे की वजह “व्यक्तिगत कारण” बताई है। उन्होंने प्रबंधन को भेजे पत्र में कहा कि निजी कारणों से वह अपनी जिम्मेदारियों से मुक्त होना चाहते हैं। साथ ही उन्होंने रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर (Reliance Infrastructure) में मिले अवसरों और पेशेवर अनुभव के लिए कंपनी और प्रबंधन का आभार भी जताया। उन्होंने लिखा कि कंपनी के साथ काम करना उनके लिए सम्मान की बात रही और इस दौरान मिले सहयोग को वह हमेशा याद रखेंगे।
रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर ने यह जानकारी सेबी के लिस्टिंग ऑब्लिगेशंस एंड डिस्क्लोजर रिक्वायरमेंट्स (LODR) नियमों के तहत सार्वजनिक की है। कंपनी ने स्पष्ट किया कि यह बदलाव केवल सीनियर मैनेजमेंट स्तर पर हुआ है। अब रिन्यूएबल बिजनेस की कमान नए नेतृत्व को सौंपी जाएगी, जिसकी घोषणा जल्द की जा सकती है।
नए सीईओ की नियुक्ति पर नजर
विशेषज्ञों का मानना है कि किसी बड़े कारोबारी समूह के महत्वपूर्ण बिजनेस वर्टिकल के CEO का इस्तीफा निवेशकों के लिए अहम संकेत होता है। ऐसे में बाजार की नजर अब कंपनी के अगले कदम और नए CEO की नियुक्ति पर रहेगी।
इस घटनाक्रम का असर कंपनी के शेयरों पर भी देखने को मिला। शुक्रवार को रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर (Reliance Infrastructure) का शेयर करीब 5 प्रतिशत गिरावट के साथ बंद हुआ। अब निवेशक यह जानना चाहेंगे कि कंपनी रिन्यूएबल एनर्जी कारोबार को आगे बढ़ाने के लिए किसे नई जिम्मेदारी सौंपती है और इससे भविष्य की रणनीति पर क्या असर पड़ता है।

