महिंद्रा की बड़ी कारोबारी चाल! 525 करोड़ रुपये में ट्रक-बस कारोबार SML महिंद्रा को सौंपा, शेयरों में 20% का अपर सर्किट

नई दिल्ली। देश की प्रमुख ऑटोमोबाइल कंपनी महिंद्रा एंड महिंद्रा (M&M) ने अपने ट्रक और बस कारोबार को अपनी ही सहायक कंपनी एसएमएल महिंद्रा (SML Mahindra) को 525 करोड़ रुपये में बेचने का फैसला किया है। कंपनी के बोर्ड ने इस डील को मंजूरी दे दी है। इस घोषणा के बाद शेयर बाजार में एसएमएल महिंद्रा के शेयरों में जबरदस्त तेजी देखने को मिली और कंपनी का शेयर 20 फीसदी उछलकर अपर सर्किट पर पहुंच गया।
शेयरों में आई जोरदार तेजी
डील की घोषणा के बाद निवेशकों ने एसएमएल महिंद्रा के शेयरों में जमकर खरीदारी की। सोमवार दोपहर तक कंपनी का शेयर 20 फीसदी बढ़कर 4,566 रुपये पर पहुंच गया। वहीं, महिंद्रा एंड महिंद्रा का शेयर 1.4 फीसदी की गिरावट के साथ 3,226 रुपये पर कारोबार करता रहा।
‘स्लंप सेल’ के जरिए होगा कारोबार हस्तांतरण
कंपनी ने बताया कि यह सौदा स्लंप सेल के माध्यम से किया जाएगा। इसके तहत ट्रक और बस डिवीजन की सभी परिसंपत्तियां, कर्मचारी, लाइसेंस और देनदारियां एक साथ एसएमएल महिंद्रा को हस्तांतरित कर दी जाएंगी। 7 अगस्त 2026 तक समझौते पर हस्ताक्षर होने की उम्मीद है, जबकि सभी नियामकीय मंजूरियां मिलने के बाद 31 जनवरी 2027 तक प्रक्रिया पूरी होने की संभावना है।
क्यों लिया गया यह फैसला?
महिंद्रा समूह अब अपने पूरे कमर्शियल व्हीकल कारोबार को एक ही कंपनी के तहत संचालित करना चाहता है। कंपनी का मानना है कि इससे ट्रक और बस कारोबार पर विशेष फोकस रहेगा और बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ाने में मदद मिलेगी।
गौरतलब है कि अगस्त 2025 में महिंद्रा ने एसएमएल इसुजु का अधिग्रहण कर उसका नाम बदलकर एसएमएल महिंद्रा रखा था। अब इसी कंपनी को समूह का प्रमुख कमर्शियल व्हीकल ब्रांड बनाया जा रहा है।
ग्राहकों पर नहीं पड़ेगा असर
महिंद्रा ने स्पष्ट किया है कि इस बदलाव का ग्राहकों पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ेगा। ट्रकों और बसों का उत्पादन पहले की तरह जारी रहेगा। महिंद्रा अपने संयंत्रों में वाहनों का निर्माण करती रहेगी, जबकि बिक्री और प्रबंधन की जिम्मेदारी एसएमएल महिंद्रा संभालेगी। कंपनी का कहना है कि इस बदलाव से नई तकनीक, बेहतर सेवाएं और ग्राहकों को अधिक सुविधाएं मिलेंगी।
कारोबार का आकार
वित्त वर्ष 2025-26 में महिंद्रा के ट्रक और बस कारोबार से 2,989 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ, जो कंपनी की कुल आय का लगभग 2 प्रतिशत है। 31 मार्च 2026 तक इस कारोबार का बुक वैल्यू 481 करोड़ रुपये था। स्वतंत्र वैल्यूएशन रिपोर्ट के आधार पर इसकी बिक्री कीमत 525 करोड़ रुपये तय की गई है।

